Tuesday, December 25, 2012

Poem on Save Water in Hindi


Poem on Save Water in Hindi, Water Conservation Poetry, जल संरक्षण पर कविता, जल प्रदूषण, जल ही जीवन है शायरी, पानी बचाओ, Pani par Kavita, Jal Sanrakshan Slogans, Water Pollution Shayari, Jal Pradushan Poems, Jal hi Jeevan Hai

पानी पानी पानी पानी 
जीवन का आधार है पानी.
गर्मी से राहत दिलवाता
हर प्राणी की प्यास बुझाता
अकुलाहट को दूर भगाता
सबको निर्मल स्वच्छ बनाता.
पानी पानी पानी पानी
धरती का श्रृंगार है पानी.
बन झरना यह सबको भाता
नदियाँ बन यह कल कल गाता
सीप का यह मोती बन जाता.
पानी पानी पानी पानी
सबका पालनहार है पानी.
जीवों को नवजीवन
धरती को खुशहाली देता
करता सबको पावन.
पानी पानी पानी पानी
नहीं है कोई इसका सानी.
पानी की कीमत पहचानों
सीमित है पानी ये तुम जानो
पर्यावरण को अपना मानो
अपने दायित्वों को जानो.
वर्ना एक दिन आएगा
जब पानी ना बच पायेगा
धरती का हर एक प्राणी
पानी पानी चिल्लाएगा.

Monika Jain 'पंछी'


5 comments:

  1. Very nice poem.. Simply understanding..

    ReplyDelete
  2. yeh sab bachoo wala hai koi aur bhejiye

    ReplyDelete
  3. Their large surface area allows each flake to adsorb a large amount of toxins, and the clumping action occurs within minutes. The clumped material is still radioactive, and must be handled and disposed of accordinglyreverse osmosis water

    ReplyDelete

Due to comment moderation It will take time to publish your comments.Your reactions are my inspiration :)