Friday, August 12, 2016

Self Improvement Quotes in Hindi

आत्म सुधार. Self Improvement Quotes in Hindi. Personal Development Tips, Growth Ideas, Self Help Status, Sayings, Thoughts, Sms, Messages, Slogans, Proverbs.

Self Improvement Quotes

  • विरोधाभास (द्वंद्व /द्वैत) के बिना भौतिक अस्तित्व शायद संभव नहीं : समष्टि का भी और व्यष्टि का भी। सकारात्मक और नकारात्मक दोनों में से एक भी अगर पूर्ण रूप से खत्म हुआ तो यह दृश्य नहीं रहेगा। सब कुछ सिमटकर दो शब्दों/छोरों के बीच समा सकता है यह तो हम जानते हैं। पर ये दो शब्द भी सिमट कर जिस शून्य/अदृश्य तक पहुँचते हैं, उसे हम नहीं जानते। उसे जानना ही शायद वास्तव में जानना या पूर्ण जानना है। ऐसे में अगर हम सिर्फ दूसरों के (बाहरी) विरोधाभासों को ही चिह्नित करने में लगे रहे तो कुछ भी नहीं हाथ आने वाला। अंतत: जानने का रास्ता भीतर ही जाता है। ~ Monika Jain ‘पंछी’ 
  • समस्त प्रयासों के बाद भी जब हम किसी को न समझ पायें तो उसे समझ पाने की इच्छा और प्रयत्न को छोड़कर हमें खुद को समझने में लग जाना चाहिए। इसके बाद सबको समझने लगेंगे। :p :) ~ Monika Jain ‘पंछी’  
  • कोई भी प्रथा, कोई भी नियम, कोई भी कानून कितने भी अच्छे उद्देश्य से बनाया जाए मनुष्य उसका दुरूपयोग ढूंढ ही लेता है। यह हमेशा से होता रहा है, यह हमेशा होता रहेगा। क्योंकि सारी बीमारियाँ भीतर की है, अब यह भीतर चाहे किसी का भी हो। बाहर समाधान कभी मिलेंगे, मुश्किल लगता है। सिर्फ शोषण का चाबुक एक हाथ से दूसरे, दूसरे से तीसरे और तीसरे से चौथे में घूमता रहेगा। ~ Monika Jain ‘पंछी’  
  • धर्म आत्मसुधार के लिए होता है, समाज सुधार के लिए नहीं। हाँ, आत्म सुधार जरुर समाज सुधार का मार्ग प्रशस्त करता है। ~ Monika Jain ‘पंछी’  
  • सीखना हो ऐसा...कि अतीत बन जाए कहानी किसी और की। ~ Monika Jain ‘पंछी’  
  • जब तक सिर्फ समर्थन और विरोध चलता रहेगा, तब तक सिर्फ समर्थन और विरोध ही चलता रहेगा। नतीजा...सिफर! ~ Monika Jain ‘पंछी’  
  • किसी भी अच्छे भले व्यक्तित्व का नाम लो तो कुछ लोगों का सबसे पहला काम उसके जाति, धर्म, संप्रदाय, क्षेत्र की खबर लेना रहेगा। इनमें कुछ अनुकूल न मिला तो कुछ लोग आलोचना के बहाने खोजने लगेंगे और कुछ विरले लोग इन सबसे बेखबर उस व्यक्तित्व के गुणों की ओर आकृष्ट होंगे। यह पूरी तरह से हमारी चेतना के स्तर और ग्राह्यता पर निर्भर करता है कि हम किसी बेहतर व्यक्तित्व में अपने स्वार्थ और अहंकार को पोषित करने वाले तत्व खोजते हैं या फिर आत्म सुधार और आत्म विकास का मार्ग प्रशस्त करने वाले तत्व। ~ Monika Jain ‘पंछी’  
  • यदि आप शांति चाहते हैं तो दूसरों के दोष देखना बंद करिए और अपने दोष देखिये। ~ अज्ञात / Unknown  
  • तृष्णा के वशीभूत होकर व्यक्ति विवेकहीन हो जाता है। अतः तृष्णा पर लगाम लगायें। ~ अज्ञात / Unknown  
  • परिस्थितियां मानव नियंत्रण से बाहर है लेकिन हमारा आचरण हमारे ही नियंत्रण में है। ~ बेंजामिन फ्रेंकलिन / Benjamin Franklin  
  • आत्मा से भिन्न सभी दृश्यमान पदार्थ नश्वर है, क्षण भंगुर है, विनाशशील है और नाशवान है अतः आत्मा की चिंता करो। ~ अज्ञात / Unknown  
  • जीवन की दीर्घता की अपेक्षा जीवन की गुणवत्ता ज्यादा महत्वपूर्ण होती है। ~ अज्ञात / Unknown  
  • स्वयं को स्वयं का चौकीदार बनाने में लाभ ही लाभ है। ~ अज्ञात / Unknown  
  • यदि आप खुद को जवाब देते हैं, तो आपको किसी को जवाब देने कि जरुरत नहीं। ~ अज्ञात / Unknown
 
Feel free to add your views or more quotes about self improvement.