Monday, August 15, 2016

Poem on Sister in Hindi

बहन के जन्मदिन पर कविता, भाई दूज शायरी. Poem on Sister from Brother in Hindi. Bhai Dooj Kavita, Behan Bhaiya Shayari, Siblings Birthday Poetry, Lines, Slogans.

बहन धरा पर ना हो तो

बहन धरा पर ना हो तो
दोज़ख़ जैसा जीवन होगा
ना होगा ममता का आँचल
ना निश्छल नेह-दर्पण होगा।
बहन धरा पर ना हो तो
दोज़ख़ जैसा जीवन होगा।

तुम गंगा की पावन धारा
तुमसे हर हिस्से मैं हारा
कितना भी झगडूं तुमसे मैं
फिर भी मैं आँखों का तारा।
पाकर बस सान्निध्य तुम्हारा
निर्मल सबका तन-मन होगा
बहन धरा पर ना हो तो
दोज़ख़ जैसा जीवन होगा।

तुममें जीवन की आशा है
तुमसे हर इक परिभाषा है
जिसे मिला ना साथ तुम्हारा
पूछो वो कितना प्यासा है।
हो ज्योतिर्पुंज जहाँ तुम्हारा
आलोकित वो आँगन होगा
बहन धरा पर ना हो तो
दोज़ख़ जैसा जीवन होगा।

हर सफ़र में साये सी, तुम मिलती हो
ज़ख्म पे मरहम कर, तुम सिलती हो
हो जाये पतझड़ जब ये जीवन मेरा
किसी मधुमास सी, तुम खिलती हो।
तुम किलकारी बन गूंजो जिसमे
वो घर कितना पावन होगा
बहन धरा पर ना हो तो
दोज़ख़ जैसा जीवन होगा।

सुनो समाज के लोगों तुम
एक सिफ़ारिश तुमसे है
ना समझो बहनों को अबला
एक गुज़ारिश तुमसे है।
होगा समाज संपन्न तभी
जब सुख इनके दामन होगा
बहन धरा पर ना हो तो
दोज़ख़ जैसा जीवन होगा।

By Malendra Kumar

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