Wednesday, December 28, 2016

Essay on Violence against Women in Hindi

महिला घरेलु हिंसा पर निबंध, लेख. Essay on Violence against Women in Hindi. Status, Condition of Female in India Article, Domestic Abuse Speech, Paragraph.
Essay on Violence against Women in Hindi

नारी कैसे बच पाएगी?

(1)

आज मैं खुश नहीं हूँ। वह औरत जो भयंकर सर्दी में भी अपनी दो-तीन साल की बेटी को साथ में लेकर घर-घर काम करती है; जिसके चेहरे पर मैंने कभी शिकन या थकावट नहीं देखी; हमेशा हँसता मुस्कुराता चेहरा...आज सुबह अचानक आई और बोली मैं गाँव जा रही हूँ, मम्मी से कहो जितने दिन के भी पैसे बने हैं वे दे दें।

मैंने पूछा वापस कब आओगे? अपनी भीगी हुई आँखों को चुराती हुई बोली - एक-दो महीने बाद। मैं समझ गयी कुछ गलत हुआ है। पति ने शाम को उसे और उसकी बच्ची को बहुत पीटा था, इसलिए वह पीहर जा रही थी कभी वापस न आने की सोचकर।

पति ठीक-ठाक कमा लेता है पर एक अँधेरी कोठरी किराये पर ले रखी है जिसमें वह खाने-पीने के जरुरी सामान के अलावा और कुछ नहीं लाता। बेटी जिसे देखते ही किसी का भी प्यार उमड़ आये उसके लिए भी कुछ नहीं। शायद बाहरी औरतों से सम्बन्ध हैं उसके और आये दिन बेटी को भी पीटता रहता है।

अपने थोड़े से पैसों की कमाई से कुछ दिन पहले ही वह अपनी उस छोटी सी कोठरी को सजाने के लिए स्टील के बर्तन खरीद कर लायी थी। कितनी खुश थी उस दिन! लेकिन आज पहली बार उसकी भीगी हुई आँखें देखी। उसके चेहरे की चमक आज नदारद थी, जिसकी जगह मानों सालों की थकावट ने ले ली हो। उस स्वाभिमानी औरत के फैसले का सम्मान करती हूँ, पर कबसे उसकी वो भीगी हुई आँखें मेरे दिल और दिमाग में छाई हुई है। मन बहुत बेचैन है। (26/12/2013)

(2)

उस देश में नारी कैसे बच पाएगी जहाँ जन्म लेने से पहले ही उसे कोख में इसलिए मार दिया जाता है क्योंकि वह एक लड़की है और ये न हो पाया तो उसे कचरे के ढेर में फेंक दिया जाता है। जहाँ विवाह के बाद भी उसे इसलिए जला दिया जाता है क्योंकि वह दहेज लोभियों की भूख शांत नहीं कर पाती।

उस देश में नारी स्वतंत्रता की बातें बेमानी है जहाँ सड़क पर कई गिद्ध उस पर दृष्टि जमाए हुए हैं और मौका मिलते ही उसे नोच खाते हैं। जहाँ राजनेता कहते हैं कि जब मर्यादा का उल्लंघन होता है तो सीता हरण होता है। कोई मुझे ये बताए कि सीता जी ने अपने जीवन में कौनसी मर्यादा का उल्लंघन किया? बल्कि उन्होने तो आजीवन अपने धर्म की अनुपालना की।

उस देश में न्याय की आशा करना बेकार है जहाँ की पुलिस न्याय की गुहार लगाने वाले पीड़ित को इतनी मानसिक प्रताड़ना देती है कि वह अपने साथ हुए अन्याय को नियति मानकर चुपचाप स्वीकार कर लेता है। जहाँ साधु बने बहरूपिये दोषियों को माफ़ करने और पीड़िता को दोषी कहने का साहस रखते हैं। ताली एक हाथ से नहीं बजती ये कहने वाले आसाराम जी के कहने का तो यही तात्पर्य है कि लड़की खुद जाती है बलात्कारियों के पास और कहती है, 'मेरा बलात्कार करो'!

जिस देश में शीर्ष पर बैठे लोग इतने संवेदना शून्य हो और उनकी मानसिकता इतनी संकीर्ण और कलुषित हो चुकी हो कि वे अपराध का ख़ात्मा कैसे हो ये सोचने की बजाय मुद्दे को लड़की के कपड़ों की साइज़ में उलझा देते हो या क्षेत्रवाद की राजनीति चमकाने लगते हो ऐसे देश में नारी नहीं बच सकती...बिल्कुल भी नहीं। (08/01/2013)

By Monika Jain ‘पंछी’

Feel free to add your views about this essay on violence against women in our society.

Friday, December 23, 2016

Pyar par Kavita in Hindi

प्यार पर कविता, शायरी. Changed Feelings in a Relationship Poem. Broken Promise Hindi Poetry, Be Practical Lines, Love is not a Joke or Game to Play with Emotions.
Pyar par Kavita in Hindi

प्यार मेरे लिए बस प्यार ही है।

मैंने कहा था न! -
न करना ऐसे वादें
जो निभा न सको
न कहना ऐसी बातें
जो सिर्फ बाते बनकर रह जाये
न करना ऐसा प्यार
जो स्थायी न रह सके।

हर रोज तो कहती थी तुम्हें,
क्योंकि डरती हूँ मैं खुद से।
नहीं समझा पाती खुद को
जब मेरा भरोसा टूटता है
नहीं बहला पाती खुद को
जब कुछ अपना छूटता है।

मेरे इनकार को बदल ही दिया
तुमने इकरार में
और अपनी प्यार भरी बातों से
कैद कर लिया मुझे अपने प्यार में।

पर अब तुम्हारी बदलती फीलिंग्स
कैसे मैं भी अपना लूँ?
नहीं तुम्हे अब प्यार
ये कैसे खुद को समझा लूँ?

तुम कहते हो - प्रैक्टिकल बनो!
पर तुम्हारे हाथों की मैं कोई गुड़िया तो नहीं?
जब चाहो बदल जाऊं वो जादू की पुड़िया तो नहीं?

मेरी आज़ाद सोच से प्यार था न तुम्हे?
अब तुम्हारी सोच में कैद हो जाऊं
मैं वो चिड़िया तो नहीं?

मैंने कहा था न कई बार
प्यार मेरे लिए कोई मजाक नहीं है
प्यार मेरे लिए बस प्यार ही है।

By Monika Jain ‘पंछी’

Wednesday, December 21, 2016

Christmas Story in Hindi for Kids

क्रिसमस की कहानी, सांता क्लॉज़. Merry Christmas Story in Hindi for Kids. Santa Claus Tales, Jesus Christ Birthday, Xmas Festival, Saint Nicholas Day. 
Christmas Story in Hindi for Kids
खुद बनो सेंटा क्लॉज़

हर वर्ष की तरह जिम्मी और जॉनी दिसम्बर के आते ही बहुत उत्साहित थे। क्रिसमस का त्यौहार जो आने वाला था। पर क्रिसमस का उनका सारा उत्साह उनके मामा जॉन से जुड़ा था जो हर साल क्रिसमस पर सेंटा बनकर उनके घर आते और बच्चों के लिए ढेर सारे उपहार लाते। उसके बाद सब मिलकर खूब धूम और मस्ती से क्रिसमस मनाते।

लेकिन आज ही शाम को डिनर के समय मम्मी ने बताया कि इस बार मामा को बहुत जरुरी काम है इसलिए वे नहीं आ पायेंगे। यह सुनते ही जिम्मी और जॉनी का चेहरा उतर गया।

‘मामा के बिना तो बिल्कुल भी मजा नहीं आएगा।’ जिम्मी बोली।

‘हाँ, और मामा ही तो सेंटा बनते है, गिफ्ट्स लाते हैं और गेम्स खिलाते हैं। बिना सेंटा के कैसा क्रिसमस?’ जॉनी रूहासा हो गया।

‘कोई बात नहीं बेटा, पापा तो गिफ्ट्स लायेंगे ही न?’ मम्मी बोली।

‘नहीं मम्मा, पापा तो हमेशा ही लाते हैं लेकिन क्रिसमस पर तो हमें हमारे सेंटा मामा से ही गिफ्ट लेना है।’ यह कहकर जिम्मी और जॉनी रूहासे से अपने कमरे में चले गए।

घर में क्रिसमस ट्री लाया जा चुका था, पर उसे सजाने में जिम्मी और जॉनी को कोई दिलचस्पी ही नही थी।

क्रिसमस से दो दिन पहले मामा का फिर फोन आया बच्चों का हालचाल और तैयारी के बारे में पूछने के लिए। जिम्मी और जॉनी की मम्मी ने उन्हें बताया कि दोनों बच्चे इस बार कोई तैयारी नहीं कर रहे। कह रहे हैं मामा के बिना नहीं मनाएंगे क्रिसमस। जॉन ने बच्चों को फोन देने को कहा। जिम्मी ने मामा से कहा, ‘मामा, आप ही तो सेंटा क्लॉज़ बनते हो। हम लोगों को इतना हंसाते हो। इतने गेम्स खिलवाते हो। हर बार नए-नए गिफ्ट्स लाते हो। अब आपके बिना हम क्या करेंगे?’

मामा ने कहा, ‘कुछ नहीं! इस बार तुम सेंटा बन जाना।’

जॉनी चौंका। ‘हम सेंटा?’

‘हाँ, क्यों नहीं? बच्चों, गिफ्ट्स लेने में जितना मजा आता है उससे कई अधिक मजा आता है गिफ्ट्स देने में। तुम बनकर तो देखो एक बार?’ मामा बोले।

फिर बच्चे मामा से बात कर अपने सोने के कमरे में चले गए। सोते-सोते एक दूसरे से बातें करने लगे।

जॉनी बोला, ‘जिम्मी दीदी, सेंटा तो हम बन जायेंगे लेकिन हम गिफ्ट्स क्या लायेंगे और किसे देंगे?’

जिम्मी ने कहा, ‘जॉनी, गिफ्ट्स तो हम बोलेंगे तो पापा दिला देंगे। लेकिन मैंने सोचा है कि हम इस बात को सरप्राइज रखते हैं। हमारे घर जो रोली आंटी आती है न काम करने के लिए, उनके मोहल्ले में बहुत बच्चे हैं। उनके वहां कोई सेंटा भी नहीं जाता और वो हमारी तरह कोई फेस्टिवल बहुत अच्छे से मना भी नहीं पाते। हम उनके मोहल्ले में चलेंगे। हम मम्मा और पापा के लिए भी गिफ्ट्स लायेंगे और मामा भी कुछ दिन बाद आयेंगे तो उनके लिए भी।’

‘लेकिन पैसे? वो कहाँ से आयेंगे?’ जॉनी ने कहा।

‘अरे! हमारे पिग्गी बैंक कब काम आयेंगे? अब तक तो उनमें खूब पैसे जमा हो गए होंगे। मैंने सोचा है उन सब बच्चों के लिए हम रंग-बिरंगी पेंसिल्स, रबर और शार्पनर लायेंगे।’ जिम्मी बोली।

‘अरे वाह दीदी! यह तो बहुत अच्छा आइडिया है। मैंने सोचा है - मम्मा, पापा और मामा के लिए हम न्यू ईयर की डायरी और पेन लायेंगे। मम्मी और मामा को तो लिखने का भी शौक है और पापा को सब हिसाब-किताब के लिए डायरी की जरुरत होती ही है।’ जॉनी ने कहा।

‘हाँ जॉनी। यह तुमने बहुत अच्छा सोचा। चलो अब हम सो जाते हैं। कल हमें बहुत सारी तैयारियाँ करनी है।’ यह कहकर जिम्मी ने लाइट बंद कर दी।

अगले दिन दोनों से सबसे पहले अपने-अपने पिग्गी बैंक तोड़ दिए। कुल 500 रुपये उसमें जमा थे। अपने दोस्त से मिलने जाने की कहकर वे सुबह ही घर से निकल गए। फिर उन्होंने एक स्टेशनरी की शॉप पर जाकर सारा सामान खरीदा और कुछ देर बाद घर लौट आये। आते ही दौड़कर सामान को छिपाकर रख दिया। बाकी सारा दिन अगले दिन की तैयारियों में गुजरा।

जिम्मी और जॉनी को अचानक इस तरह से उत्साहित और ख़ुश देखकर मम्मी ने राहत की सांस ली और वह भी दिल से मिठाई आदि तैयार करने में जुट गयी।

अगले दिन सुबह जिम्मी और जॉनी ने उठते ही पापा और मम्मी को विश किया और उन्हें गिफ्ट दिया। पापा-मम्मी की ख़ुशी का ठिकाना न रहा। पापा-मम्मी ने भी जिम्मी और जॉनी को गिफ्ट्स दिए। उन्होंने खोलकर देखा तो उसमें से दोनों के लिए सेंटा क्लॉज़ की ड्रेस थी। सेंटा क्लॉज़ की ड्रेस देखते ही जिम्मी और जॉनी दोनों हैरान रह गए। उन्होंने मम्मी-पापा को अचरच भरी निगाहों से देखा तो मम्मी ने बताया कि मामा ने ही उन्हें यह आईडिया दिया था कि इस बार बच्चों के लिए सेंटा की ड्रेस ले आये।

‘भैया, हम तो सेंटा की ड्रेस के बारे में भूल ही गए थे। मामा कितने अच्छे हैं। अब हम शाम को रोली आंटी के मोहल्ले के बच्चों के साथ और भी मजे से क्रिसमस मनाएंगे।’ जिम्मी बोली।

इसके बाद दोनों बच्चों ने अपने प्लान के बारे में पापा-मम्मी को बताया और मार्केट से लायी गयी पेन्सिल्स, रबर और शार्पनर सब लाकर दिखाये। पापा-मम्मी को अपने बच्चों पर बेहद गर्व महसूस हुआ। पापा भी मार्केट जाकर उन मोहल्ले के बच्चों के लिए खिलौने और मिठाई ले आये।

इसके बाद सब शाम को रोली आंटी के मोहल्ले में गए और वहां एक क्रिसमस ट्री मंगवाकर सबके साथ उसे सजाया। प्रार्थना के बाद सेंटा बने जिम्मी और जॉनी ने सब बच्चों को गिफ्ट्स और मिठाई बांटी। सबने मिलकर कई गेम्स खेले और इसके बाद सब ख़ुशी-ख़ुशी घर आ गए। घर आकर जिम्मी और जॉनी ने मामा को फ़ोन किया और कहा, ‘मामा आपने बिल्कुल सही कहा था। गिफ्ट्स लेने से भी कई ज्यादा ख़ुशी तो गिफ्ट्स देने में होती है। इस बार का क्रिसमस हम कभी नहीं भूलेंगे और अबसे आपके साथ-साथ हम भी सेंटा बनेंगे।’ मामा ने बच्चों को खूब प्यार और आशीर्वाद दिया और मधुर यादों को मन में संजोये दोनों बच्चे सोने चले गए।

By Monika Jain ‘पंछी’

Feel free to add your views about this story. Wish you all a Merry Christmas. :) 

Poem on Blood Donation in Hindi

विश्व रक्तदान दिवस पर कविता, महादान शायरी, खून. Poem on World Blood Donation Day in Hindi. Donating Slogans, Donor Poetry Lines, Rakt Daan Maha Daan Rhymes.
Poem on Blood Donation in Hindi
अच्छा लगता है

माँ!
बात नाराज़ होने की नहीं है
गर्व करने की है माँ!

तेरा बेटा रक्त नहीं देता
दुआएँ लेता है
तुम्हारी ही जैसी कई माँओं की।

माँ!
बात चिन्तित होने की नहीं है
बल्कि समझने की है माँ!
रक्तदान से कोई कमजोरी नहीं होती
वरन, किसी की जिंदगी बच रही होती है।

माँ!
दान की गयी रक्त की मात्रा
हमारा शरीर निर्मित कर लेता है
महज अगले 24 घंटो में
और पूरे शरीर में फ़ैल जाती है
नए रक्त के साथ, ऊर्जा और स्फूर्ति भी
और पहुँच जाता है
महादान का आनन्द...रोम रोम में।

माँ!
तीन महीने में, रक्तदान कर सकते हैं
तुम भी कर के देखो माँ!
अच्छा लगता है।

By Randhir 'Bharat' Chaudhary

To read the english version of this poem about blood donation click here
 

Friday, December 16, 2016

Story of Saint Eknath in Hindi (संत एकनाथ)

संत एकनाथ महाराज की कथा, दृष्टिकोण गाथा. Story of Saint Eknath in Hindi. Positive Attitude Tales, Point of View, Sakaratmak Soch par Kahani, Information. 

Story of Sant Eknath in Hindi

दृष्टिकोण

महाराष्ट्र के प्रसिद्ध संत एकनाथ गोदावरी नदी में स्नानकर लौट रहे थे कि एक मनचले ने उन पर थूक दिया। एकनाथ पुनः स्नान करने गए। स्नान कर पुनः उसी रस्ते से लौटे। उस युवक ने पुनः थूक दिया। एकनाथ फिर से स्नान करने चले गए। ऐसा युवक ने इक्कीस बार किया। संत जब स्नान कर लौट रहे थे तो वह युवक उनके चरणों में गिर गया और क्षमा मांगने लगा। तब संत ने उसे बाहों में भरकर कहा - तुम तो मेरे बड़े उपकारी हो। मैं प्रतिदिन एक बार ही गोदावरी माँ की गोद में जाता था, आज मुझे इक्कीस बार उसकी गोद मिली। क्या यह कम उपकार हैं?

ऐसे दृष्टिकोण वाले व्यक्ति का कौन क्या बिगाड़ सकता है?

Source ~ Unknown

Wednesday, December 14, 2016

Poem on Sky in Hindi

आकाश पर कविता, आसमान शायरी, मन, विचार, भावना. Poem on Sky in Hindi. Mood Swings Poetry, Moody Mind Lines, Mixed Feelings Rhymes, Emotions Slogans, Sentiments.
Poem on Sky in Hindi

मन आकाश

मन के आकाश में -

कभी बरसते हैं बादल दु:खो के
तो कभी टिमटिमाते हैं तारे ख़ुशी के।

कभी दूर-दूर तक घना कोहरा छा जाता है
तो कभी हर तरफ बस उजेरा नज़र आता है।

कभी उड़ते हैं तम्मनाओं के परिंदे पंख फैलाकर
तो कभी छा जाती है काली घटाएँ अचानक आकर।

कभी पूर्णिमा का चाँद जगमगाने लगता है
तो कभी अमावस का अंधेरा छाने लगता है।

कभी इंद्रधनुषी रंग गाने लगते हैं
तो कभी सुर ये सारे वीराने लगते हैं।

कभी सांझ की हवा सुहानी बहती है
तो कभी आँधी और तूफान की कहानी कहती है।

आकाश समाया है मन में
नित रोज बदलता अपने रंग
कभी सवेरा बन ये खिलता
कभी रात को लाता संग।

By Monika Jain 'पंछी'

To read the english version of this poem about correlation between mind and sky click here.
 
 

Saturday, December 10, 2016

Nariyal Barfi Recipe in Hindi, Coconut Burfi

नारियल बर्फी बनाने की विधि. Nariyal Barfi Recipe in Hindi. How to Make Dry Coconut Burfi with Milk Powder, Khopra Pak, Gole Ki Mithai, Sweets, Dessert, Fudge.
Nariyal Barfi Recipe in Hindi, Coconut Burfi

नारियल की बर्फी

Ingredients :

सूखे नारियल का चूरा : 250 gm
चीनी : 150 gm
मिल्क पाउडर : 2 -3 बड़े चम्मच
पानी : 1 कप
पीसी इलायची : 1 /2 छोटा चम्मच
देसी घी : 2 छोटे चम्मच
पिस्ता और बादाम कतरन सजाने के लिए

Method :

सबसे पहले एक बड़ा पैन लें और उसमें पानी और चीनी मिलाकर गैस पर रखें। चीनी के घुल जाने पर इसमें नारियल चूरा, मिल्क पाउडर और इलायची पाउडर मिलाकर मंद आंच पर चलाते हुए गाढ़ा होने तक पकाएं। अब इसमें घी मिलाकर तब तक चलाये जब तक मिश्रण किनारा न छोड़ने लगे। अब इसे गैस से उतार लें। अब एक समतल प्लेट में चिकनाई लगाकर इस मिश्रण को डाल कर फैला दें। ऊपर से पिस्ता व बादाम कतरन डालकर दबा दें। जब मिश्रण ठंडा होकर जम जाये तो इसे मनचाहे आकार में काट कर सर्व करें।

Thursday, December 8, 2016

Poem on Save Water in Hindi

जल ही जीवन है कविता, संरक्षण, पानी बचाओ नारे, बचत शायरी. Poem on Save Water for Kids in Hindi. Importance of Saving Slogans, Conservation Rhymes, Poetry Lines.
Poem on Save Water in Hindi
(शरद कृषि, CITA में प्रकाशित)
पानी 

पानी पानी पानी पानी
जीवन का आधार है पानी।

गर्मी से राहत दिलवाता
हर प्राणी की प्यास बुझाता
अकुलाहट को दूर भगाता
सबको निर्मल स्वच्छ बनाता।

पानी पानी पानी पानी
धरती का श्रृंगार है पानी।

बादल बन अमृत बरसाता
बन झरना यह सबको भाता
नदियाँ बन यह कल-कल गाता
सीप का यह मोती बन जाता।

पानी पानी पानी पानी
सबका पालनहार है पानी।

पेड़ों को हरियाली देता
जीवों को नवजीवन
धरती को खुशहाली देता
करता सबको पावन।

पानी पानी पानी पानी
नहीं है कोई इसका सानी।

पानी की कीमत पहचानों
सीमित है पानी ये तुम जानो
पर्यावरण को अपना मानो
अपने दायित्वों को जानो।

वर्ना एक दिन आएगा
जब पानी ना बच पायेगा
धरती का हर एक प्राणी
पानी-पानी चिल्लाएगा।
पानी-पानी चिल्लाएगा।

By Monika Jain 'पंछी'


To read the english version of this poem about saving water click here.

Watch/Listen the video of this poem on importance of water in my voice. 



Sunday, December 4, 2016

Poem on Politics in Hindi

भारतीय राजनीति पर कविता, शायरी. Poem on Indian Politics in Hindi for Kids. Rajneeti par kavita, Political Shayari, Policy Poetry, Lines, Rhymes, Slogans. 
Poem on Politics in Hindi

राजनीति

राजनीति की रैली
हो गयी कितनी मैली
सत्ता हथियाने की सबकी
हो गयी एक ही शैली।

जातिवाद को देकर आग
आरक्षण का गाकर राग
वोट-वोट करते ये नेता
मानवता पर हैं एक दाग।

चालों से भरमाते हमको
नारों में उलझाते हमको
योजनाओं के कागज रंग कर
वादों से बहलाते हमको।

रंग बदलने में हैं निपुण
रंगबाजी है इनका गुण
बस देश लूटते ये नेता
पाप को भी कहते हैं पुण्य।

भारत के ये नेता आज
फूट डाल कर करते राज
फिर भी कहते खुद को अच्छा
कहाँ गयी है इनकी लाज?

By Monika Jain ‘पंछी’ 


Watch/Listen the video of this poem about politics in my voice : 


Saturday, December 3, 2016

Poem on Butterfly for Kids in Hindi

तितली पर कविता, शायरी. Poem on Butterfly for Kids in Hindi. Titli Rani par Kavita, Butterflies Rhyming Words, Nursery Children Rhymes, Poetry Lines, Shayari.
Poem on Butterfly for Kids in Hindi

तितली आई

कल घर में एक तितली आई
उसे देखकर मैं मुस्काई।

मैंने बोला तितली रानी -
शरबत लोगी या फिर पानी?

वो बोली - कोई फूल खिला दो
मुस्कान मेरे चेहरे पर ला दो।

फूलों का मैं गमला लायी
जिसे देख तितली हर्षायी।

मैंने पूछा तितली से -
इतने रंग लायी हो कैसे?
मुझको भी उड़ना सिखलादो
रंग मुझे भी कुछ दिलवादो।

तितली मेरे पास में आई
कलम पे मेरी वो मंडराई -
कलम तुम्हारी उड़ान भरेगी
इस जग का हर रंग लिखेगी
पंख और रंग दोनों है इसमें
तभी तो मुझको लिखा है इसने।

बात मेरी जब समझ में आई
कलम पे मेरी मैं इतराई।

By Monika Jain 'पंछी'

Watch/Listen the video of this poem about butterfly in my voice :


Thursday, December 1, 2016

Poem on Books in Hindi

किताब पर कविता, पुस्तक शायरी. Poem on Books are Our Best Friends in Hindi for Kids. Importance of Kitab, Pustak Kavita, World Book Day Poetry, Nursery Rhymes.
Poem on Books in Hindi
मैं किताब

दुःख की संगी
सुख की साथी
सब प्रश्नों का
हल मैं लाती।

अकेलेपन में
साथ निभाती
सबसे अच्छी
दोस्त कहलाती।

बन गीता मैं
धर्म सिखाती
रामायण बन
सत्य दिखाती।

सरस्वती का
वर बन जाती
जब भी कोई
समस्या आती।

दीपक बन मैं
राह दिखाती
अज्ञान तिमिर को
दूर भगाती।

पढ़ता मुझ को
जो भलीभांति
उन सबका मैं
ज्ञान बढ़ाती।

By Monika Jain ‘पंछी’

To read the english version of this poem about books click here.

Watch/Listen the video of this poem :